No icon

24HNBC

जीर्णोद्धार के नाम पर चल रहा बंदरबाट का खेल

अमरकंटक 24HNBC .

तीर्थ नगरी अमरकंटक मे मां नर्मदा से जुड़ी आस्था से श्रद्धालु भक्तों का आना जाना हमेशा यहां लगा रहता है। परंतु अमरकंटक में चल रहे पुष्कर बांध का कार्य इतना धीमा कछुए की चाल की तरह चल रहा है। वहीं अमरकंटक की सुंदरता बढ़ाने के लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के द्वारा 5.85 करोड़ की राशि प्रदत्त की गई जिसका उपयोग अमरकंटक के पुष्कर बांध व समस्त सहयोगी 8 बांधों का गहरीकरण व जमी गाद निकालने तथा सुंदरीकरण कार्य किया जाना है लेकिन कमीशन की वजह से बंदरबांट की स्थिति बनी हुई है।गहरीकरण के नाम पर केवल औपचारिक कार्य- बड़ी आशा और उम्मीद के साथ बरसों बाद लोगों का सपना पूरा हुआ ही था और बजट आया भी पर अब लीपापोती का दौर शुरू हो गया। जैसा अक्सर देखने को मिलता है प्रतिवर्ष वर्षा के जल के साथ मिट्टी अपरदन के कारण मिट्टी व कूड़ा करकट अपशिष्ट पदार्थ जल में समाहित होता है। स्थानीय लोगों व नर्मदा भक्तों के सतत श्रमदान के द्वारा पुष्कर बांध का गहरीकरण का कार्य योजनाबद्ध तरीके से सही क्रम में चल रहा था इसी कड़ी में जब मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के द्वारा 21 जनवरी को घोषणा के बाद 5.85 करोड़ की धनराशि अमरकंटक में 9 सरोवर सरोवर बांध की गहरीकरण एवं जमी गाद निकालने और सुंदरीकरण का कार्य की राशि निविदा अनुसार 37 प्रतिशत निम्न दर पर लेकर ठेकेदार द्वारा प्रथम पुष्कर बांध का गहरीकरण एवं गाद निकालने का कार्य शुरू किया गया है जबकि यह निविदा शर्तों के अनुरूप बिल्कुल सही नहीं है। गाद बिल्कुल भी नहीं निकल रही है इससे बेहतर कार्य मां नर्मदा भक्तों की देखरेख में हो रहा था गहरीकरण के नाम पर केवल औपचारिक कार्य चल रहा है। गाद की मोटी तथा गहरी परत के ऊपर की केवल आधा फीट परत निकालकर बराबर कर दी जा रही है जो कि संतोषजनक नहीं है।