24hnbc
बिलासपुर में कांग्रेस दे सकती है चौंकाने वाला नाम
24hnbc.com
बिलासपुर, 6 मार्च 2024।
पिछले लोकसभा चुनाव में छत्तीसगढ़ में कांग्रेस के हाथ दो संसदीय सीट लगी थी। इसमें से एक कोरबा ज्योत्सना महंत और दूसरी दीपक बैज बार कांग्रेस रणनीतिक रूप से बेहतर मंथन के साथ प्रत्याशी घोषित करने वाली है। भारतीय जनता पार्टी ने सरोज पांडे को दुर्ग के स्थान पर कोरबा से उतरा है इसके पीछे कॉर्पोरेट घरानों की रुचि परिलक्षित होती है। महिला के महिला कांग्रेस इससे बचना चाहती है। ज्योत्सना महंत के पति चरण दास महंत एक समय मध्य प्रदेश के कद्दावर नेता रहे, केंद्रीय मंत्री भी रहे, छत्तीसगढ़ में विधानसभा अध्यक्ष रहे अभी नेता प्रतिपक्ष हैं। इनकी राजनीति जांजगीर तक सीमित नहीं रही बल्कि वे अविभाजित बिलासपुर के बड़े नेताओं में शुमार किए जाते हैं। और इसका बड़ा लाभ ज्योत्सना महंत को मिलता है। इस बात की खासी संभावना है कि टिकट बदली जाए और उन्हें बिलासपुर से उतार दिया जाए। जातिगत समीकरण भी इन्हें लाभ देने वाला है। एससी - एसटी मतदाताओं का बड़ा वर्ग बिलासपुर में महंत को समर्थन देता है। यदि बिलासपुर से ज्योत्सना महंत को टिकट मिलता है तो उन्हें कॉर्पोरेट का सामना भी नहीं करना पड़ेगा। इसके अलावा बिलासपुर संसदीय क्षेत्र से अन्य दावेदार उनके नाम पर विरोध भी नहीं करेंगे।
राजनीति के जानकारी बताते हैं कि इस बार की टिकट संगठन के खाते में भी जा सकती है। दो नाम अपने स्तर पर प्रयास कर रहे हैं और दोनों सवर्ण है। पहला नाम घूम घूम कर राजनीति करने वाले अर्जुन तिवारी का है और दूसरा नाम मस्तूरी के ब्लॉक अध्यक्ष नागेंद्र राय का है। विधानसभा चुनाव में नागेंद्र राय ने अपनी संगठनात्मक क्षमता का प्रदर्शन करते हुए मस्तूरी से कांग्रेस प्रत्याशी दिलीप लहरिया के जीत में बड़ी भूमिका निभाई।
यह ध्यान दिया जाए की मस्तूरी एससी आरक्षित सीट है ऐसे में एक सवर्ण ब्लॉक अध्यक्ष बगैर समन्वय के लंबी राजनीति नहीं कर सकता साथ ही उन्हें दबंग नेता माना जाता है, जो अभी की भाजपा राजनीति के सामने एक गुण ही माना जाएगा। कल 7 मार्च को दिल्ली में कांग्रेस पार्टी की चुनावी बैठक है। इसके बाद काफी कुछ स्पष्ट हो जाएगा वैसे कांग्रेस पार्टी ने प्रत्याशियों के नाम आचार संहिता घोषणा के बाद ही जारी होंगे।


