
बिलासपुर 24 एच एन बी सी।
बिल्हा ब्लॉक के ग्राम कोरमी में अति उत्साही निर्वाचित जनप्रतिनिधियों ने अपनी ही राज्य सरकार के मत्स्य नीति को ठेंगा दिखाते हुए गांव के 4 तालाबों का आवंटन कर दिया। आवंटन में ना तो आरक्षण नियमों का पालन हुआ ना ही सहकारिता के नियमों का कुछ जनप्रतिनिधियों ने अपने चहेते को तालाब मछली पालन के लिए दे दिया बताया जाता है कि इस मामले में मत्स्य विभाग ने जांच कराई है। और जांच रिपोर्ट में यह बात खुलकर आई है कि तालाब का आवंटन नियम विरुद्ध तरीके से किया गया है। जिन चार तालाबों में गड़बड़ी हुई है उनमें खोरी, ननकी और राम सागर तालाब है एक तालाब का नाम पता नहीं चला समाचार प्रकाशन होने के बाद इस मामले को लेकर जनप्रतिनिधि एक दूसरे पर आरोप लगाने से बाज नहीं आ रहे हैं। उन्हें सरकार की मत्स्य नीति के उल्लंघन की चिंता नहीं है उनकी चिंता का विषय यह है कि नियम विरुद्ध तरीके से दिए गए तालाब की बात खुल जाने से ना केवल आवंटन निरस्त हो सकता है बल्कि सरपंच और सचिव पर भी गाज गिर सकती है सरपंच का तो पद ही खतरे में आ गया है। इसके पूर्व तालाब आवंटन को लेकर रतनपुर क्षेत्र में बड़ा गड़बड़ घोटाला हुआ था। और जनपद सीईओ का तबादला हो गया था। यहां पर भी यदि जांच हो जाए तो सरपंच का पद खतरे में पड़ जाएगा गौरतलब है कि कोरमी ग्राम पंचायत एसडीएम बिलासपुर के कार्य क्षेत्र में आता है।