
बिलासपुर 24 एचएनबीसी :-
नवनिर्वाचित ब्लॉक अध्यक्ष द्वारा अपनी ही पार्टी के विधायक का कॉलर पकड़कर की गई बेज्जती की घटना पर अब कांग्रेस प्रवक्ता अभय नारायण लीपापोती कर रहे हैं । ऐसा लगता है कि कांग्रेस की राजनीति पर गोबर ज्यादा असरकारक हो गया । तभी तो गौठान से लेकर सर्किट हाउस तक किसी भी चीज को लीप दिया जाता है। कांग्रेस विधायक ने अपने साथ हुए दुर्व्यवहार का प्रतिकार किया उचित फोरम पर शिकायत की और पीसीसी चीफ के निर्देश पर तीन सदस्यों की जांच कमेटी बनी जांच समिति शुक्रवार 8 तारीख को बिलासपुर पहुंची उन्होंने दोनों पक्षों के बयान लिए हैं प्रत्यक्षदर्शियों का भी बयान लिया लेकिन इस सब से हटकर पार्टी प्रवक्ता अभय नारायण ने जांच समिति को नीचा दिखाते हुए घटना पर ना केवल तैयब हुसैन को क्लीन चिट दे दी बल्कि इससे एक कदम आगे बढ़ते हुए उन्होंने सर्किट हाउस की कॉलर पकड़ घटना को ही ना हुआ बताया ।उन्होंने कहा कि कॉलर पकड़ने की बात मीडिया के दिमाग की उपज है । ऐसा कुछ नहीं हुआ था बतौर प्रवक्ता मैं यह कह रहा हूं दूसरी ओर पुलिस विभाग की सूचना तंत्र ने कॉलर पकड़ घटना के बाद आम जनता के बीच घूम कर जो रिपोर्ट बनाई है उसकी माने तो जनता के कई वर्गों ने यह कहा कि विधायक पार्टी के पहले जनता का है और कांग्रेस के पदाधिकारी जिस तरह से निर्वाचन के बाद से विधायक के साथ सार्वजनिक स्थानों पर जो सलूक करते हैं वह किसी भी तरह से ठीक नहीं कहा जा सकता है ऐसा लगता है कि कांग्रेस के कई पदाधिकारी विधायक को कांग्रेसका ना मानकर जनता का विधायक मानते हैं और जनता ने जब अपना विधायक चुना है तो उन्हें यह सच्चाई बुरी लगती है ऐसे में आने वाला समय शहर कांग्रेस नेताओं के लिए बड़ा चिंतनीय उन्हें अब यह तय करना है कि विधायक को अपना पार्टी का मानते हैं या अब तक की तर्ज पर उसे जनता का विधायक मांग कर बार-बार जनता को अपमानित करेंगे यदि कांग्रेस ने अपनी नीति नहीं बदली तो कांग्रेस का वोट बैंक शहरी क्षेत्र मैं बुरी तरह मार खाया है एकमात्र बिलासपुर सीट उनके हाथ लगी थी बेलतरा जिसे अर्ध शहरी कहा जाता है कांग्रेस बुरी तरह हारी थी और आने वाले समय में कांग्रेस का वोट बैंक घटती दर पर दिखाई देगा ऐसे में आम जनता के बीच कांग्रेस नेताओं को सबसे पहले अपना प्रदर्शन सुधारना होगा बंद कमरे में पार्टी के नेता भले एक दूसरे को कितना भी भला बुरा कहे सार्वजनिक स्थानों पर तो मर्यादा की सीमा रेखा बनानी ही होगी।