नमाजी और तिलकधारी साथ-साथ कोई जीते ढर्रा कायम रहेगा
Tuesday, 16 Sep 2025 18:00 pm
24 HNBC News
24hnbc.com
बिलासपुर, 17 सितंबर 2025।
सत्ता का सुख के लिए नेतृत्व हर तरीके का सौदा कर सकता है चुनाव कोई छोटा बड़ा नहीं होता फिर चाहे समिति व्यापारियों की हो या पत्रकारों की, वकीलों की हो या डॉक्टरों की, इंजीनियरों की हो या ठेकेदारों की, सीए की हो या सीएस की या चुनाव किसी भी समाज का हो तौर तरीके हार जीत के दावा पेंच एक जैसे ही होते हैं। की थी एकमात्र लक्ष्य है। सत्य है साधन की पवित्रता कोई मायने नहीं रखती साध्य ही अंतिम है।
19 सितंबर को बिलासपुर प्रेस क्लब चुनाव का मतदान है। मुकाबला कोयला, जमीन, पत्तलकार और पत्रकार के बीच है। पत्रकारों से संबंधित दो व्हाट्सएप ग्रुप में सुबह ब्रह्म मुहूर्त से आखिरी नमाज तक केवल चुनाव की ही चर्चा होती है। अब मतदान की तिथि नजदीक है तो पैनल पार्टी बुलाकर भोज करा कर वोट को अपनी तरफ लाने की कोशिश कर रहे हैं।
बताया जाता है की प्रेस क्लब बिलासपुर की सदस्यता वर्तमान में 550 से ऊपर हो रही है। प्रेस क्लब के पुराने सदस्य बताते हैं कि 40 सदस्य से शुरुआत हुई थी प्रारंभ में सर्वसम्मति से अध्यक्ष चुन लिया जाता था और अध्यक्ष अपनी कार्यकारिणी बना लेता था। बाद में चुनाव प्रारंभ हुआ पर विधान को साइड करते हुए केवल अध्यक्ष पद के लिए चुनाव शुरू हुआ जो जीतता था वह अन्य पद और एक सदस्य कार्यकारिणी बना लेता था। फिर संपूर्ण पदों पर चुनाव प्रारंभ हुआ। सम्मान के साथ महिला प्रत्याशी को भी स्थान मिलने लगा इस बार का चुनाव अन्य चुनाव से भिन्न है। सदस्यता देने में अपने पराए का भेदभाव बहुत पहले प्रारंभ हो गया था पर उसे समय पत्रकारों को सदस्यता मिल जाती थी अब ऐसा नहीं है। साथी ही बताते हैं कि कौन-कौन सदस्य ऐसा है जिसका रोज लिखने से कोई संबंध नहीं है बताने वाले तो सदस्यों का असली काम भी बताते हैं।
हमारा मानना है की प्रेस क्लब की सदस्यता बहुत कम है। जनसंपर्क अधिकारी बिलासपुर और एसडीम बिलासपुर के दफ्तर में जमा घोषणा पत्रों को देखें तो बिलासपुर से दैनिक प्रकाशित होने वाले अखबारों की संख्या 25 पर करती है और सब का दावा है कि वो बिलासपुर से मुद्रित और प्रकाशित है। ऐसे में प्रत्येक दैनिक अखबार के दफ्तर में दो दर्जन पत्रकार तो कार्यरत होंगे ही आखिर इतने सारे समाचार जो लाने हैं। फिर न्यूज़ चैनल, साप्ताहिक, पाक्षिक और मासिक अखबार कई न्यूज़ चैनल ने तो बिलासपुर शहर में अपने स्टेट हेड बैठाल कर रखे हैं। तो एक स्टेट हेड के अंदर कम से कम चार पत्रकार और चार कैमरामैन होंगे। डिजिटल मीडिया का दौर है एक-एक डिजिटल मीडिया संस्थान में पांच लोग कम से कम काम तो करेंगे ही और शहर में अखबार का कुल सरकुलेशन 2 लाख के ऊपर है। इस सब बात से लगता है कि पत्रकार सदस्यों की संख्या बेहद कम है पर इस बात की खुशी है कि पत्रकारिता में आय और सम्मान इतना बढ़ गया है कि पिता - पुत्र, नजदीकी रिश्तेदार में पत्रकारिता को अपना पेशा बना लिया। लोकतंत्र का यह कथित चौथा खंभा मजबूती के साथ जमीन में गाड़ा जा रहा है और सरकारी राजस्व में पीकर विकास को साई साई बढ़ा रहा है।
19 तारीख को जब तक मतदान समाप्त नहीं हो जाता चुनाव प्रचार चलता रहेगा। कुछ सदस्य तो मुंबई, दिल्ली, अहमदाबाद, बेंगलुरु से आकर भी मतदान के पुनीत कार्य में आहुति देंगे। विकास जीते या आशीर्वाद ढर्रा ज्यों का त्यों कायम रहेगा।